BCL category full form in Hindi | BCL categoryका फुल फॉर्म क्या है?

BCL category full form in Hindi | BCL categoryका फुल फॉर्म क्या है?

BCL category full form in Hindi | BCL categoryका फुल फॉर्म क्या है?

तो दोस्तो आज हम आपको BCL category का फुल फॉर्म बताने वाले हैं तो आपको इसके बारे में और जानकारी चाहिए तो हमारी पोस्ट आगे तक पढ़े रहो .

BCL Full Form: Bachelor Civil law इसका हिंदी में फुल फॉर्म बैलकर ऑफ केनोन लाॅ इसका फुल फाॅर्म में है.

Civil Law: तो दोस्तोCivil law मैं जो law शब्द का अर्थ बताने वाला हूं तो दोस्तों law का मतलब होता है कि जो भी हमारे गवर्नमेंट है.


जो लोगों के भलाई के लिए जो गवर्नमेंट की सिस्टम को चलाने के लिए रूल्स एंड रेगुलेशन बनाते हैं उसको हम उसको हम law कहते हैं ताकि हमारे लोगों को इंसाफ मिल सके हमारा जो सिस्टम म्यार्नसे एक केबल सूखे बल वेब में चल सके उसको हमला law बोलते हैं.



अभी Civil law क्या होता है?


Civil law जो होता है इसके अंदर एक शर्ट एंड कोड जो हमारे गवर्नमेंट ने सेठ के होते हैं जो मनाए होते जो एक्शन बनाए होते हैं जो आर्टिकल बनाए होते हैं ओझा लिखकर होते हैं उसको हम फॉलो करते उसके हम बी एस पे आम रिजल्ट निकलते हैं.


जो हमारी कोर्ट फैसला करती है जो हमारी कोर्ट कंक्वुलर वोट देते हुए उसका हम Civil law बोलते हैं जैसे कि किसी ने मर्डर किया तो सेस्कन लिखा है कि इस सेस्कन मैं फला फला सेस्कन मैं लिखें मर्डर की सजा इतनी है जो उसको फांसी देनी है तो उसको पाटकर जो हमारी कोर्ट है फैसला सुनाती है जो भी जिसने काम किया है तो हम उसको बोलेंगे ऐ Civil law है Civil law है.


आइंटरनेशनल बिजनेस में भी इस्तेमाल होता है और इसमें Civil law को फॉलो करते और इसका अपोजिट में क कॉमन लॉ होता है और कॉमन लाॅ में हम जोशी सेस्कन कोर्ट आर्टिकल्स हाय इनको हम फॉलो नहीं करते हम जो पुराने टर्डियंस है पुराने कास्ट है पुराने प्रेसिडेंट्स है.


प्रेसिडेंट्स में जो पुराने वाक्यात है प्ला प्ला केस हुआ रिजल्ट उसको देखते हुए हम फैसला करते हैं उसको कॅमंला बोलते है पर Civil law मैं सिंपल है सैटर्नसे है कोर्ट आर्टिकल को फॉलो करते हैं  और ऐ स्वराज है यूरोप से स्टार्ट होते हैं और इसमें बहुत सीधा-सीधा कॉन्प्लीमेंट हमारा टाइम कम यूज होता है अगर इसमें हमें जस्टिस मिलता है ओबी सेटिस्फाई होटल या जोभी डिसीजन होता है जैसे कि प्रॉपर्टी की ओनरशिप,जैसे की रेंटल एग्रीमेंट जो भी है ऐ Civil law मैं आते हैं.



TYPE OF ADVOCATES =


1.FRESH ADVOCATES

एडवोकेट होते हैं फ्रेश एडवोकेट होते हैं जीना मैं अभी नए-नए लोग होते हैं और ओ नए सीखने जाते हैं प्रैक्टिस करने चाहते हैं औरो रिसेंटली पास आर्ट होते हैं और रिसेंटली हेलमेट पराया होता है.


ऐसे ही फ्रेस एडवोकेट बोलते हैं कैटेगरी फास्ट सीनियर एडवोकेट जिन्हें थर्टीन से लेकर फोर्टीन तक ईयर का इंफॉर्मेशन होते हैं जैसे कि आप लोगों ने देखा होगा हाईकोर्ट में जो वकील होते हैं ओ लोग ऐसे ही मिलते हैं जैसे कि थर्टीन से लेकर फोर्टीन तक एक्सपेरिमेंट होते हैं ऐसे लोग तुम को हाईकोर्ट में मिलेंगे.


2.ADVOCATE ON RECORDER =

तो नेक्स्ट आता है एडवोकेट ऑन रिकॉर्डर ऐ एडवोकेट आपको सुप्रीम कोर्ट में मिलेंगे AIR एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड एक क्या होते हैं एक तरफ पैसेंजर एडवोकेट होते सुप्रीम कोर्ट दो तरह के एडवोकेट मिलेगी नो एवर नॉर्मल और एक ए वार और ए वार के पसा पवार होति है.


डॉक्यूमेंट को वेरीफाई करने की यानी कि उनको सिग्नेचर करने की और उनको एक वैलिड करने की अब होता है कि सुप्रीम कोर्ट ऐ वार्ड के द्वारा ओ डॉक्यूमेंट साइना हो जाए तो सुप्रीम कोर्ट में चलती नहीं है ओ वैलिड नहीं है ऐवार्ड के एडवोकेट कैसे हायर होते हैं तो सुप्रीम कोर्ट अपना एग्जाम CONDUCT करता है इसी को स्क्रीनिंग टेस्ट बोलते हैं जो एडवोकेट पास आउट होते हैं.


ऐ वार्ड नामका प्रॉफिट मिल जाता है फिर ओ अपना सिग्नेचर डॉक्यूमेंट साइंस करके उसको वैलिड करते हैं तो आपको कोई भी नॉर्मल सुप्रीम कोर्ट में जाते हैं ऐ वार्ड इससे पहले हमें डॉक्यूमेंट सेंड करने पडते है तो यह फाइल जजसके पास जाता है अदर वाइज ए वर्ड से साइन नहीं है तो अपने डॉक्यूमेंट से सिग्नेचर नहीं होते तभी आपने देखा होगा कि सुप्रीम कोर्ट के वकीली भी ज्यादा होती है.


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